Avinash Sable ने 36 साल बाद भारत को दिलाया Gold, रचा नया इतिहास
एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2025 में भारत के अविनाश साबले ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 3000 मीटर स्टीपलचेज स्पर्धा में स्वर्ण पदक अपने नाम किया। यह उपलब्धि इसलिए ऐतिहासिक मानी जा रही है क्योंकि पिछले 36 वर्षों में कोई भी भारतीय पुरुष इस स्पर्धा में गोल्ड नहीं जीत पाया था।

8 मिनट 20.92 सेकेंड में किया कमाल -Gold Madel
अविनाश साबले ने यह स्वर्ण पदक 8 मिनट 20.92 सेकेंड का समय लेकर जीता। उनके इस प्रदर्शन ने भारत के एथलेटिक्स इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ा है। वे इस समय भारत के सबसे भरोसेमंद मिड और लॉन्ग डिस्टेंस धावकों में से एक माने जाते हैं।

महिलाओं की 10,000 मीटर दौड़ में नहीं मिला पदक
जहां अविनाश ने पुरुषों की तरफ से शानदार उपलब्धि हासिल की, वहीं महिलाओं की 10,000 मीटर दौड़ में भारत को निराशा हाथ लगी।
संजीवनी जाधव ने 33 मिनट 8.17 सेकेंड में दौड़ पूरी कर पांचवां स्थान हासिल किया, जबकि सीमा ने 33 मिनट 08.23 सेकेंड में रेस पूरी कर छठा स्थान प्राप्त किया।
कजाखस्तान की डेजी जेपकेमी ने जीता गोल्ड
इस स्पर्धा में कजाखस्तान की डेजी जेपकेमी ने दबदबा कायम रखते हुए 30 मिनट 48.44 सेकेंड में दौड़ पूरी की और स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
जापान की रिरिरक हिरोनिका ने 30 मिनट 56.32 सेकेंड में सिल्वर और मिकुनी याडा ने 31 मिनट 12.21 सेकेंड में ब्रॉन्ज मेडल जीता।
रिले में भी भारतीय पुरुष टीम का शानदार प्रदर्शन
3000 मीटर स्टीपलचेज के अलावा भारत की पुरुष रिले टीम ने चीन (3:06.79 मिनट) और मेजबान कोरिया (3:10.05 मिनट) को पछाड़ते हुए सीधे फाइनल में जगह बनाई।
हालांकि, श्रीलंका की टीम ने सबसे तेज प्रदर्शन करते हुए 3 मिनट 1.56 सेकेंड में रेस पूरी की।